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दलित परिवार के मुखिया की हत्या होने पर परिवार को मिलेगा प्रति माह 5 हज़ार रुपए का पेंशन

दलित परिवार के समाजिक उत्थान के साथ साथ अब आर्थिक रूप से कुछ मदद करने का यह बड़ा फैसला एससी/एसटी आयोग के अध्यक्ष ब्रजलाल के द्वारा किया गया है । दलित समाज ने कई पीढ़ीओ से सामाजिक उत्पीड़न और बहिष्कार झेले है। दलित समाज के लोगो की मर्मम तरीके से हत्या कर दी जाती थी।

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परिवार में किसी की हत्या होने पर परिवार आर्थिक और मानसिक रूप से टूट जाता है। और किसी भी गरीब दलित परिवार के लिए आर्थिक रूप से मजबूत होना और परिवार में बच्चो के पालन पोषण की समस्याएं दलित परिवार को कुछ अधिक ही झेलनी पड़ती है। ऐसे में दलित परिवार के लिए एससी/एसटी आयोग के चेयरमैन ब्रजलाल सिंह ने काफी राहत वही खबर सुनाई है।

बागपत दौरे पर पहुंचे उत्तर प्रदेश एससी/एसटी आयोग के चेयरमैन और यूपी पुलिस के पूर्व DGP ब्रजलाल ने घोषणा की, 14/6/2016 के बाद हत्या के शिकार हुए दलित समाज के मुखिया के परिवार को 5000 रुपए हर महीने पेंशन दी जाएगी। इसके साथ ही उनके बच्चों को ग्रेजुएशन तक की पढ़ाई सरकारी खर्चे पर कराई जाएगी।

एससी/एसटी आयोग के चेयरमैन और यूपी पुलिस के पूर्व DGP ब्रजलाल सिंह ने जिले का पूर्ण निरक्षण किया और जिले के प्रशानिक अधिकारिओ के साथ हुई बैठक और प्रेस वार्ता के दौरान कहा कि यदि अब किसी भी दलित परिवार में किसी मुखिया की हत्या होती है तो परिवार के लोगो को 5 हज़ार रूपए रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जाएगी। यही नहीं उसके बच्चों के ग्रेजुएशन तक कि पढ़ाई का भी खर्च उठाया जाएगा। इसके साथ ही , जिस शख्स की हत्या हुई है, उसकी हत्या की तारिख से 3 महीने तक उसके परिवार का सारा खर्च भी उठाया जायगा।

ब्रजलाल सिंह ने 1 जून 2016 के प्रवधान का हवाला देते हुए कहा कि यह सुचना एससी/एसटी आयोग के द्वारा 14/6/2016 को प्रकाशित हुआ था, लेकिन जानकारी का अभाव होने की वजह से लोगों को इसका फायदा नहीं मिला। अब इस प्रावधन को सभी लोगो तक पहुचने का समय आ चूका है। उन्होंने प्रेस वार्ता के दौरान के दौरान यह भी कहा की कई ऐसे दलित परिवार है जो अभी भी इस सुचना के अभाव में है और हम सभी को मिलकर यह सुचना समाज के हर लोगो तक पहुचानी चाहिए ताकि, कोई भी दलित परिवार जिसकी मुखिया की हत्या किसी भी कारणवश हुई हो उसे इस प्रावधान के तहत कुछ रहत मिल सके।


उन्होंने यह भी कहा की 14/6/2016 जब प्रावधान प्रकाशित हुआ उसके बाद हुए सभी मामलो की समीक्षा कराने और उनको पेंशन का फायदा पहुंचाने के आदेश आयोग की तरफ से जारी किए गए हैं। एससी/एसटी आयोग के चेयरमैन ने यह भी कहा की वो खुद आयोग जाकर प्रदेश सरकार को समीक्षा के लिए आदेश जारी करेंगे।

2 Comments

2 Comments

  1. Mukesh Kumar

    October 10, 2018 at 3:32 pm

    sirf 5000? ek parivaar ki barbaadi ki keemat sirf 5000? Yahi keemat lucknow mein vivek tiwari ke parivaar ko kyon nahin diya?

  2. Akshay brahme

    October 11, 2018 at 5:16 am

    Rightsir …. Absolute right

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